जमन्या में दो घरों से 42 नग सागौन की लकड़ी जब्त, दो लोगों पर वन अपराध दर्ज
अवैध फर्नीचर निर्माण के खिलाफ वन विभाग की कार्रवाई, जब्त लकड़ी की अनुमानित कीमत 20 हजार रुपए
बैतूल। दक्षिण बैतूल वनमंडल के ताप्ती वन परिक्षेत्र अंतर्गत झल्लार सर्किल के जमन्या गांव में वन विभाग ने अवैध रूप से लकड़ी का फर्नीचर बनाने के मामले में कार्रवाई की है। विभागीय टीम ने दो अलग-अलग मकानों की तलाशी लेकर सागौन की 42 नग लकड़ी जब्त की है। जब्त लकड़ी की कुल मात्रा 0.398 घनमीटर बताई गई है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 20 हजार रुपए है। मामले में दो लोगों के खिलाफ वन अपराध प्रकरण दर्ज किए गए हैं।
वन विभाग के अनुसार, वन संपदा की सुरक्षा और अवैध लकड़ी के उपयोग पर रोक लगाने के लिए क्षेत्र में सर्च अभियान चलाया जा रहा है। वनमंडलाधिकारी अरिहंत कोचर और उप वनमंडलाधिकारी आमला जितेंद्र कुमार के निर्देशन में तथा वन परिक्षेत्र अधिकारी ताप्ती दयानंद डेहरिया के नेतृत्व में यह अभियान संचालित किया जा रहा है।
इसी अभियान के तहत 16 अक्टूबर को जमन्या गांव में कार्रवाई की गई। टीम ने दो अलग-अलग मकानों से सागौन की लकड़ी बरामद कर जब्त की। इस मामले में सुरेश बावने और सुखदेव बावने के विरुद्ध वन अपराध प्रकरण दर्ज किए गए हैं। दोनों के खिलाफ भारतीय वन अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।
वन विभाग की टीम रही मौजूद
कार्रवाई में वन परिक्षेत्र अधिकारी दयानंद डेहरिया, परिक्षेत्र सहायक ओमकार नाथ मालवीय खेड़ी, रमेश मस्की, शिवनाथ बाघमारे, नीलेश गौर, भैया लाल कुमरे, वनरक्षक रामेश्वर इवने, शैलेन्द्र द्विवेदी, कामू लाल इवने, सुनील कापसे, दीप्ति राजपूत, अनीता सलामे, सोनू पुंडे, प्रियंका डेहरिया, अरविंद शुक्ला और वाहन चालक धनपाल धुर्वे शामिल रहे।
वन विभाग ने वन संपदा के अवैध दोहन और लकड़ी के अवैध उपयोग के विरुद्ध कार्रवाई जारी रखने की बात कही है।
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