शहडोल जिला पंचायत में आदिवासियों के हक पर डाका, 16वें वित्त के 7 करोड़ में भेदभाव का आरोप
शहडोल।
शहडोल जिला पंचायत में 16वें वित्त आयोग के ₹7 करोड़ के बजट आवंटन में भारी धांधली और भेदभाव का मामला सामने आया है। जिला कांग्रेस कमेटी शहडोल के अध्यक्ष अजय अवस्थी ने प्रशासन पर आदिवासी जनप्रतिनिधियों के साथ सौतेला व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है।
*कांग्रेस अध्यक्ष अजय अवस्थी ने आंकड़ों के साथ किया खुलासा:*
उन्होंने बताया कि जिला पंचायत के बजट वितरण में आदिवासी समाज के चुने हुए प्रतिनिधियों को जानबूझकर कम राशि दी गई है।
- बैगा समाज के प्रतिनिधि * राजेश बैगा* के क्षेत्र के लिए मात्र *₹30-35 लाख*
- गोंड समाज की सदस्या *श्रीमती अमरावती सिंह* के क्षेत्र के लिए मात्र *₹20-25 लाख*
जबकि प्रशासन के चहेते और पसंदीदा सदस्यों को *₹75 से ₹80 लाख* तक की राशि रेवड़ी की तरह बांट दी गई।
अजय अवस्थी ने कहा, _"चेहरा देखकर विकास का बजट बांटने का खेल अब नहीं चलेगा। यह सीधे-सीधे आदिवासियों के हक पर डाका है। बैगा और गोंड समाज सबसे ज्यादा पिछड़ा है, उनके क्षेत्रों को ही सबसे कम बजट देना साबित करता है कि प्रशासन की नीयत में खोट है।"_
*कांग्रेस का अल्टीमेटम:*
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने चेतावनी दी है कि प्रशासन तुरंत सभी जिला पंचायत सदस्यों को न्यायसंगत और समानुपातिक बजट दे। यदि भेदभाव बंद नहीं हुआ तो कांग्रेस पार्टी जनता के साथ, विशेषकर आदिवासी समाज के साथ मिलकर सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करेगी।
What's Your Reaction?